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कोच्चि (केरल), 08 नवम्बर, 2019: आज कोच्चि (केरल) में आयोजित दक्षिण भारत के धर्मिक स्थलों, शिक्षण संस्थानों, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों और मुतवल्लियों की कांफ्रेंस में मेरे सम्बोधन के मुख्य अंश:

केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री श्री मुख्तार अब्बास नकवी ने आज यहाँ कहा कि "अनेकता में एकता" ही हमारा "राष्ट्रधर्म" है और इसे मजबूत रखना हमारा "राष्ट्रीय कर्त्तव्य" है।

आज कोच्चि (केरल) में आयोजित दक्षिण भारत के धर्मिक स्थलों, शिक्षण संस्थानों, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों और मुतवल्लियों की कांफ्रेंस में श्री नकवी ने कहा कि कहा कि "अनेकता में एकता" के हमारे "राष्ट्रधर्म" को मजबूत रखने के लिए हम सबको पूरी ताकत के साथ एकजुट हो कर काम करना होगा।

श्री नकवी ने कहा कि किसी भी परिस्थिति, किसी भी हाल में हमारे "राष्ट्रधर्म" की मूल भावना, सौहार्द और एकता पर किसी भी तरह की आंच नहीं आनी चाहिए। हमें इस "राष्ट्रधर्म" और "राष्ट्रीय भावना" को एकजुट होकर और ताकत देनी है। किसी भी परिस्थिति में देश के सामाजिक सौहार्द, भाईचारे, एकता के ताने-बाने को मजबूत रखना है और उसे नुकसान पहुंचाने की किसी भी साजिश को एकजुट होकर शिकस्त देनी है।

श्री नकवी ने कहा कि विकास की गाडी को तेजी से आगे ले जाने के लिए “सौहार्द और एकता का हाई-वे" जरुरी है।

श्री नकवी ने कहा कि एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के तहत देश भर की वक्फ सम्पत्तियों का सौ प्रतिशत डिजिटाइजेशन का लक्ष्य हासिल कर लिया गया है। डिजिटाइजेशन एवं जियो मैपिंग ने बड़ी संख्या में "गुमशुदा" वक्फ सम्पत्तियों को वक्फ रिकॉर्ड का हिस्सा बनाने में मदद की है। दशकों से बड़ी संख्या में वक्फ सम्पत्तियॉं अधिकृत वक्फ रिकॉर्ड से गायब हो गई थी, पिछले 5 वर्षों में युद्ध स्तर पर वक्फ सम्पत्तियों के डिजिटाइज़ेशन कार्य का नतीजा है कि ऐसी वक्फ सम्पत्तियों का लेखा-जोखा भी दुरुस्त किया गया है।

इस सम्मेलन में केरल के हज एवं वक्फ मंत्री डा. के. टी. जलील, अल्पसंख्यक मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी, केंद्रीय वक्फ काउंसिल के सचिव, काउंसिल के सदस्य एवं वरिष्ठ अधिकारी, केरल, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, लक्षद्वीप, पुडुचेर्री, तमिलनाडु, तेलंगाना के वक्फ बोर्डों के चेयरमैन/सीईओ एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।

श्री नकवी ने कहा कि देश भर में 6 लाख से ज्यादा पंजीकृत वक्फ सम्पत्तियाँ हैं। इसके अलावा वक्फ संपत्तियों की 100 प्रतिशत जियो टैगिंग/जीपीएस मैपिंग के लिए युद्धस्तर पर अभियान शुरू कर दिया गया है ताकि देश भर में स्थित वक्फ सम्पत्तियों का सदुपयोग समाज की भलाई के लिए किया जा सके।

श्री नकवी ने कहा कि लगभग 24 हजार वक्फ सम्पत्तियों के जियो टैगिंग/जीपीएस मैपिंग का काम पूरा हो गया है। वक्फ सम्पत्तियों की जीआईएस/जीपीएस मैपिंग के लिए आईआईटी रुड़की, अलीगढ मुस्लिम यूनिवर्सिटी जैसे संस्थानों द्वारा काम किया जा रहा है।

श्री नकवी ने कहा कि जहा एक ओर वक्फ सम्पत्तियों के डिजिटाइजेशन और जियो टैगिंग/जीपीएस मैपिंग से वक्फ माफियाओं पर अंकुश लगेगा वहीँ दूसरी ओर वक्फ सम्पतियों का समाज के भलाई के सदुपयोग लिए सुनिश्चित होगा।

सेंट्रल वक्फ कौंसिल, वक्फ रिकॉर्ड के डिजिटलाइजेशन एवं जीआई मैपिंग/जिओ टैगिंग हेतु राज्य वक्फ बोर्डों को आर्थिक मदद एवं तकनीकी सहायता दे रही है ताकि सभी राज्य वक्फ बोर्ड, वक्फ सम्पत्तियों के डिजिटलाइजेशन का काम तय समय सीमा में पूरा कर सकें।

श्री नकवी ने कहा कि आजादी के बाद पहली बार प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार देश भर में वक्फ संपत्तियों पर स्कूल, कालेज, हास्पिटल, सामुदायिक भवन आदि के निर्माण के लिए प्रधानमंत्री जन विकास कार्यक्रम (पीएमजेवीके) के तहत शत-प्रतिशत फंडिग कर रही है। मोदी सरकार "प्रधानमंत्री जन विकास कार्यक्रम" के तहत देश के उन पिछड़े क्षेत्रों में कमजोर तबकों और विशेषकर लड़कियों की शिक्षा एवं रोजगारपरक कौशल विकास एवं स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए ढांचागत विकास कर रही है जो अब तक इन सुविधाओं से वंचित रहे हैं।

केंद्र सरकार देश भर में वक्फ सम्पत्तियों पर स्कूल, कॉलेज, आईटीआई, कौशल विकास केंद्र, बहु-उदेशीय सामुदायिक केंद्र "सद्भाव मंडप", "हुनर हब", अस्पताल, व्यावसायिक केंद्र, कॉमन सर्विस सेंटर आदि का निर्माण बड़े पैमाने पर कर रही है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने अल्पसंख्यकों के लिए देश के सिर्फ 100 जिलों तक सीमित विकास योजनाओं का विस्तार "प्रधानमंत्री जन विकास कार्यक्रम" के अंतरगर्त 308 जिलों, 870 ब्लॉक, 331 शहर, हजारों गांवों में कर दिया है। इन योजनाओं का लाभ समाज के सभी वर्गों को हो रहा है।

श्री नकवी ने मुतवल्ली कांफ्रेंस का उद्घाटन भी किया। जिसमे दक्षिणी राज्यों से 200 से ज्यादा मुतवल्ली शामिल हुए। श्री नकवी ने कहा कि देश भर में कार्यरत मुतवल्ली वक्फ सम्पतियों के "कस्टोडियन" हैं। उनकी जिम्मेदारी है कि वक्फ संपत्तियों का सदुपयोग एवं सुरक्षा हो।

श्री नकवी ने कहा कि हाल ही में नई दिल्ली में आयोजित केंद्रीय वक्फ परिषद् के राष्ट्रीय सम्मेलन में "कौमी वक्फ बोर्ड तरक्कियाती स्कीम" के तहत 8 वक्फ मुतवल्लियों को पुरस्कृत किया गया । यह पहला मौका है जब वक्फ मुतवल्लियों को वक्फ सम्पत्तियों के सदुपयोग विशेषकर इनका जरूरतमंदों के सामाजिक-आर्थिक-शैक्षिक सशक्तिकरण के लिए सदुपयोग करने वाले मुतवल्लियों को प्रोत्साहित एवं पुरस्कृत किया गया है।