नई दिल्ली, 06 सितम्बर, 2020: कोरोना संकट के चलते लगभग 6 महीनों से जनता के दर्शन के लिए बंद नई दिल्ली स्थित पवित्र हजरत निजामुद्दीन दरगाह की जियारत की और मुल्क के लोगों की सेहत-सलामती की दुआ मांगी। महान सूफी-संत हजरत निजामुद्दीन के मानवता, सौहार्द, एकता का सबक-संदेश धर्म, क्षेत्र, देश की सीमाओं से ऊपर है, संपूर्ण इंसानियत का कल्याण ही उनकी शिक्षा है जिसे हमें पूरी ईमानदारी से आगे बढ़ाना चाहिए। देश के सभी धार्मिक, सामाजिक संस्थाओं एवं स्थलों ने कोरोना काल में संयम, सावधानी एवं अनुशासन का बेहतरीन उदाहरण पेश किया है। जिसके चलते इतने बड़े देश में कोरोना संक्रमण कंट्रोल किया जा सका। भारत ऐसा देश है, जहां दुनिया के लगभग सभी धर्मों के अनुयायी रहते हैं, कोरोना काल में सभी धर्मों के पर्व-त्यौहार आयें, लेकिन मेरे देश के लोगों के संयम, सावधानी,संवेदनशीलता के संकल्प का नतीजा है कि सभी ने दिशा निर्देशों का पालन भी किया और कोरोना संक्रमण को रोकने में एहतियात भी बरता।