मुंबई, 30 नवम्बर, 2019: आज मुंबई में अंजुमन-ए-इस्लाम संस्थान में केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय द्वारा आयोजित विभिन्न राज्यों के मदरसों के शिक्षकों के मुख्यधारा की औपचारिक (फॉर्मल) शिक्षा की ट्रेनिंग के समापन कार्यक्रम में शामिल हुआ। मदरसों के शिक्षकों को ट्रेनिंग सर्टिफिकेट भी दिए। देश भर से मदरसों के शिक्षक, धार्मिक शिक्षा, उर्दू, अरबिक आदि भाषाओँ की पढ़ाई के अलावा औपचारिक (फॉर्मल) शिक्षा के विषयों जैसे हिंदी, मैथ्स, इंग्लिश, साइंस, कंप्यूटर, मराठी एवं अन्य क्षेत्रीय भाषाओँ में भी पढ़ाने के लिए प्रशिक्षित किये गए हैं। मदरसा शिक्षकों को मुख्यधारा की शिक्षा की ट्रेनिंग देश के प्रतिष्ठित संस्थानों जैसे IIT, अलीगढ मुस्लिम यूनिवर्सिटी, जामिया मिलिया इस्लामिया, जामिया हमदर्द एवं अन्य संस्थानों द्वारा दी जा रही है। ख़ुशी की बात यह है कि इनमे बड़ी संख्या में महिला टीचर्स शामिल हैं।
मोदी सरकार-2 के पहले 6 महीनों में विभिन्न राज्यों के 300 से अधिक मदरसा शिक्षकों को अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय द्वारा मुख्यधारा की शिक्षा की ट्रेनिंग दी गई है। जिससे कि मदरसों में पढ़ने वाले बच्चे भी मुख्यधारा की शिक्षा प्राप्त कर तरक्की का हिस्सेदार, भागीदार बन सकें। इसके अलावा पिछले 6 महीनों में 500 से अधिक स्कूल-ड्रॉपआउट छात्रों को "ब्रिज कोर्स" करवाया गया है। उन्हें इंटरमीडिएट के सर्टिफिकेट दिए गए हैं जिससे कि वो आगे की पढ़ाई कर सके या नौकरी कर सके।